मुश्किलों में भाग जाते है सभी
ख्वाहिशों को देख कर डर जाते है सभी ।
उठती लहरों को किनारे की ज़रुरत नहीं होती
और हौसलों के आगे कोई दीवार नहीं होती ।
ख्वाहिशों को देख कर डर जाते है सभी ।
उठती लहरों को किनारे की ज़रुरत नहीं होती
और हौसलों के आगे कोई दीवार नहीं होती ।